प्राचीन गौरव और आधुनिक संवैधानिक मूल्यों को बताते हुए यह बताया कि विशेष रूप से इस वर्ष यह संयोग बड़ा सार्थक है कि गणतंत्र दिवस 'भीष्माष्टमी' की तिथि पर ही पड़ रहा है। भारत की प्रथम प्रजासत्ता, अर्थात् गणतंत्र का प्रारंभ भीष्माष्टमी के दिन ही निर्धारित हुआ था।


77 वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर भोपाल स्थित केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय भोपाल परिसर में परिसर निदेशक प्रो. हंसधर झा द्वारा ध्वजवंदन किया गया।साथ ही परिसर में देश भक्ति से ओत प्रोत नृत्य गीत एवं कविता की प्रस्तुति छात्र छात्राओं ने दी इस अवसर पर परिसर निदेशक द्वारा अपने उद्बोधन में छात्र छात्राओं एवं परिसर के प्राध्यापक, कर्मचारियों को राष्ट्र निर्माण में निष्ठापूर्वक अपने कर्तव्य का पालन करने एवं संस्कृत भाषा के विकास के साथ राष्ट्र के विकास में अपना योगदान देने का आव्हान किया।
कार्यक्रम का संयोजन डॉ. राकेश कुमार वर्मा, डॉ विवेक कुमार सिंह, डॉ. गोविन्द सरकार, डॉ. प्रवेश जाटव ने किया।

